महिलाओं पर विवादित बयान, नीतीश ने हाथ जोड़कर माफी मांगी:बोले- मैं न सिर्फ शर्म महसूस कर रहा हूं, अपनी निंदा भी करता हूं

बिहार के CM नीतीश कुमार ने महिलाओं पर की गई आपत्तिजनक टिप्पणी पर बुधवार सुबह माफी मांग ली।बयान देने के 16 घंटे बाद उन्होंने विधानसभा के बाहर और सदन में कई बार हाथ जोड़कर खेद प्रकट किया।

नीतीश ने कहा, ‘मेरे बयान से किसी को ठेस पहुंची हो तो मैं माफी मांगता हूं। जनसंख्या नियंत्रण के लिए शिक्षा बहुत जरूरी है। मेरा मकसद सिर्फ शिक्षा के बाद जनसंख्या वृद्धि में आ रहे परिवर्तन को बताना था।’

‘मैं माफी मांगता हूं। मैं अपने शब्दों को वापस लेता हूं, अगर मेरी कोई बात कहना गलत था, मेरी किसी बात से दुख पहुंचा है तो माफी मांगता हूं। अगर मेरे बयान की कोई निंदा कर रहा है, तो हम माफी मांगते हैं। अगर इसके बाद भी कोई मेरी निंदा करता है तो मैं उसका अभिनंदन करता हूं।’

AIMIM अध्यक्ष असदुद्दीन औवेसी ने कहा, “वह एक प्रदेश के मुख्यमंत्री है और विधानसभा में उन्होंने जिस तरीके का भाषा का उपयोग किया है वो अश्लील है।…आप कही सड़क पर यह बात नहीं बोल रहे थे उन्हें समझना चाहिए था….मैं मांग करता हूं कि वो अपना बयान विधानसभा में वापस ले और उन्होंने बहुत गलत संदेश बिहार की महिलाओं को दिया है।”

केंद्रीय मंत्री आर.के. सिंह ने कहा, “हमें शर्म आती है कि वह हमारे राज्य के सीएम हैं…मुझे लगता है कि बिहार के सभी व्यक्ति को शर्म आ रही होगी क्योंकि उनका सीएम ऐसी अश्लील भाषा का इस्तेमाल कर रहा है…यह तीसरे दर्जे का बयान है…..”

गृह राज्य मंत्री और बीजेपी नेता नित्यानंद राय ने कहा, “यह बहुत आपत्तिजनक है, नीतीश कुमार ने जिस प्रकार से महिलाओं को लेकर बयान दिए हैं यह अमर्यादित है इसकी जितनी निंदा की जाए वह कम है और इस बयान के पक्ष में तेजस्वी यादव का बयान भी आपत्तिजनक है। नीतीश कुमार अब सीएम पद पर रहने लायक नहीं हैं।

माफी मांगना उपाय नहीं: महिला आयोग

राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष रेखा शर्मा ने कहा, “उन्होंने विधानसभा में जिस तरह का बयान दिया है वह सी ग्रेड फिल्म का डायलॉग लग रहा था। यह बयान उन्होंने विधानसभा में सभी महिलाओं और पुरुषों के सामने कही और सबसे बुरा ये था कि वहां पर बैठे पुरुष इस पर हंस रहे थे। उन्होंने आज इस पर माफी मांगी है, लेकिन केवल माफी मांगना इसका उपाय नहीं है बिहार स्पीकर को उनके खिलाफ एक कदम उठाना चाहिए।

नीतीश की माफी के बाद पॉलिटिकल रिएक्शन

बीजेपी नेता सुशील मोदी ने कहा, “भले ही उन्होंने माफी मांग ली है लेकिन पूरा बिहार शर्मसार हुआ है। उन्हें इस तरह का बयान देने की हिम्मत कैसे हुई?…केवल माफी मांगने से काम नहीं चलेगा उन्हें सभी महिलाओं के सामने हाथ जोड़कर ये कहना चाहिए कि उन्होंने बहुत बड़ी गलती की है और आगे ऐसी कभी भी गलती नहीं करेंगे।”

CM ने अपने बयान के तर्क में यह बात कही थी
मुख्यमंत्री ने विधानसभा में अपने तर्क देते हुए कई आंकड़े बताए। उन्होंने कहा कि राज्य में 6 वर्ष से छोटे बच्चों की संख्या 2011 में 18.46% थी, जो घटकर 13. 6% रह गई है। बिहार में पिछले साल प्रजनन दर 2.9% पर पहुंच गई है, जो पहले 4.3% हुआ करती थी। जनसंख्या नियंत्रण में बड़ी भूमिका बालिका शिक्षा की है। यही कारण है कि राज्य में बालिकाओं की शिक्षा पर हमने जोर दिया।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *