प्रेग्नेंट भाभी का सिर काटकर कुएं में डाला, दो और लोगों को मार कर घर में बेखौफ सोने वाले हत्यारे की कहानी

झारखंड के डबरी गांव में ट्रिपल मर्डर के बाद सन्नाटा छाया हुआ है। लोग इस घटना के बाद डरे व सहमे हुए है। परिजनों का कहना है कि रंजन के व्यवहार में पिछले 15 दिनों से बदलाव देखने को मिल रहा था। रंजन का बहनोई दूधेश्वर उरांव ने बताया कि दो महिलाओं और अपने पिता की हत्या करने के बाद हत्यारा रंजन अपने घर पहुंचा और अंदर से दरवाजा के कुंडी लगाकर आराम से खाट पर सो गया। यह गारू थाना क्षेत्र के सरयू टीओपी अंतर्गत चोरहा पंचायत की घटना है।

मर्डर के बाद ग्रामीणों ने कई स्थानों पर आरोपी रंजन की काफी खोजबीन की, लेकिन उसकी कोई जानकारी नहीं मिल पाया। वही जब ग्रामीण रंजन के घर गए तो देखा कि दरवाजा अंदर से बंद है, जिसके बाद ग्रामीण ने सीढ़ी के सहारे छप्पर पर चढ़कर खपड़ा को हटाकर देखा तो रंजन घर में सोया हुआ था। ग्रामीण ने तुरंत घर के दरवाजे पर बाहर से सिकड़ी लगा दी। इसके बाद दूसरे दिन इसकी सूचना पुलिस को दे दी गई। सुबह जब पुलिस पहुंची तो दरवाजा खुलवाकर रंजन को घर से बाहर निकाल कर पुलिस ने गिरफ्त में ले लिया गया और थाने ले गई।

पांच माह की गर्भवती थी भाभी अनूपा
डबरी ट्रिपल हत्याकांड की जानकारी देते हुए गांव के ग्रामीण जितेंद्र सिंह ने बताया कि हत्यारे की भाभी अनूपा देवी पांच माह की गर्भवती थी। वह अपने घरेलू कामकाज का निपटारा कर घर के पास स्थित कुएं में स्नान व कपड़े धो रही थी। इतने में हत्यारा रंजन ने अपनी पत्नी से झगड़ा होने के बाद बीच बचाव में आई भाभी अनुपा देवी पर कुल्हाड़ी से मारकर सिर धड़ से अलग कर दिया। इसके बाद उसने भाभी का अधकटा सिर और धड़ को अपने हाथों से उठाकर कुआं में डाल दिया। इस मंजर को देख कुएं के पास कपड़ा धो रही पड़ोसी मंसूरिया देवी हक्का-बक्का रह गई। परंतु हत्यारा ने निर्मम तरीके से पड़ोसी मंसूरिया देवी के सिर पर भी कुल्हाड़ी से कई बार किया और उसका भी शव कुएं में फेंक दिया।

परिजनों में भी डर का माहौल
रंजन उरांव के परिजनों ने बताया कि इस तरह की घटना से हम लोगों में भय व्याप्त है। कहा कि इस तरह का खबर हम लोग टीवी और मोबाइल में ही देखते थे, परंतु अपने घर में इस तरह की घटना घटने के बाद सभी लोग काफी डरे हुए हैं। वही घर के बच्चों भी डर से काफी सहमे हुए हैं, जबकि परिजनों ने कहा कि रंजन बहुत ही नेक इंसान हैं, इस तरह उसने क्यों किया, यह समझ से परे हैं।

पूरे इलाके में छाया सन्नाटा
रंजन उरांव के द्वारा तीन लोगों के निर्मम हत्या की बात पूरे क्षेत्र में आग की तरह फैल गई। ग्रामीणों इस घटना के बाद सदमे में है। ग्रामीणों ने कहा कि इससे पहले इस तरह की घटना हम सभी केवल सुनते थे, पर आज इस तरह की घटना हमारे क्षेत्र में हो जाने से समझ नहीं पा रहे हैं कि आखिर यह कैसे और क्यों हो गया। हम सभी डरे और सहमे हुए हैं।

बचाने गए बड़े भाई पर भी किया हमला
रंजन उरांव के भाई अमलेश उरांव ने बताया कि घर के बाहर ही तौलिया बिछाकर खाट पर सोए हुए थे। इतने में कुएं के आसपास हो-हल्ला आवाज सुनाई दी। कुएं के पास गया तो देखा कि छोटा भाई रंजन उरांव अपनी पत्नी पर कुल्हाड़ी से वार कर रहा है। इतने में पत्नी और पड़ोसी को बीच बचाव करने का कुंए पास गया और अपने भाई को समझा रहा था। परंतु भाई ने एक न सुनी और कुल्हाड़ी से मुझ पर वार कर दिया। उसे छड़ी से मारकर वहां से भागने का प्रयास किया लेकिन उसने एक ही बार में मेरे छड़ी को कुल्हाड़ी से काट दिया। इस दौरान मेरे बाएं हाथ में कुल्हाड़ी से वार कर घायल कर दिया। घायल होने के बाद अपनी जान की रक्षा करते हुए बड़ा भाई भी वहां से भाग खड़ा हुआ।

बैल बांधकर बैठा था पिता, अचानक कर दिया हमला
अपने ही परिवार के तीन लोगों के हत्या के आरोपी रंजन उरांव की मां सुरजी ने घटना के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि हमर मझिला बेटा और पुतोह बाहर कमाए गईल हथिन। उकरे घर में हमर पति सुरजा उरांव जंगल से लाकर बैल के बांधकर हमनी बैठल हलिएई, तभी पुरनका घर के तरफ से हमर मझिला बेटा रंजन आईल और अपन पिता सुरजा उरांव पर हमला कर देलई। हम उकर से बार-बार बोलत हलईए की अपन बाउजी के मत मर बेटा, पर उ ना सुनलई और हमरो मारे ला दउड़ गईल, जेकर बाद हम वहां से भाग के झाड़ी में जाके छूप गईलिएई, नई तो वह हमरो मार देते हलई।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *